हमारा भारत - गीत - डॉ॰ रवि भूषण सिन्हा

अरुणाचल है शीश हमारा,
कश्मीर से कन्याकुमारी, मेरी बाँहें।
राजस्थान, गुजरात है पग हमारा,
और दिल्ली आत्मा, और दिल्ली आत्मा।
है है, है है यह हमारा भारत। - 2
फ़ितरत जहाॅं मिट्टी उर्वर कर,   
डालती फ़सलों में जान।
नदियाँ जहाॅं कल-कल बह कर,
बुझाती फ़सलों की प्यास।
खेतों में फ़सलें लहरा कर, 
रखती हम सबको ख़ुशहाल। - 2 
भारत माॅं हमें तो पालती ही है, 
दूसरों को पालने में भी, 
बढ़ाती अपनी हाथ। - 2
है है, है है ये हमारा भारत।
अरुणाचल है शीश हमारा,
कश्मीर से कन्याकुमारी, मेरी बाँहें।
राजस्थान, गुजरात है पग हमारा,
और दिल्ली आत्मा, और दिल्ली आत्मा।
है है, है है यह हमारा भारत। - 2
जहाॅं विद्वानों ने जन्म लेकर, 
बढ़ाई भारत की शान।
तकनीक जहाॅं उन्नत कर, 
डालती विकासों में जान।
सॉफ्टवेयर में कर कारनामे, 
दुनिया में बनाई अपनी पहचान। - 2
भारत को हम आगे बढ़ाते ही है, 
दुनिया को बढ़ाने में भी, 
हम देते उसका साथ। - 2
है है, है है ये हमारा भारत।
अरुणाचल है शीश हमारा,
कश्मीर से कन्याकुमारी, मेरी बाँहें।
राजस्थान, गुजरात है पग हमारा,
और दिल्ली आत्मा, और दिल्ली आत्मा।
है है, है है यह हमारा भारत। - 2

डॉ॰ रवि भूषण सिन्हा - राँची (झारखंड)

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