इन्द्र प्रसाद - लखनऊ (उत्तर प्रदेश)
आज़ादी - मुक्तक - इन्द्र प्रसाद
मंगलवार, अगस्त 15, 2023
गगन साक्षी शहीदों का मिली कैसे है आज़ादी।
चूम फंदे लिए हंँसकर बढ़ाकर बाँह फौलादी।
वतन की यज्ञशाला में बनाया हव्य शीशों का,
शहीदों के अथक संघर्ष का परिणाम आज़ादी॥
साहित्य रचना को YouTube पर Subscribe करें।
देखिए साहित्य से जुड़ी Videos
साहित्य रचना कोष में पढ़िएँ
विशेष रचनाएँ
दीपावली विशेष रचनाएँ: कविता, गीत, दोहे और मुक्तक का सुंदर संकलन
सुप्रसिद्ध कवियों की देशभक्ति कविताएँ
अटल बिहारी वाजपेयी की देशभक्ति कविताएँ
फ़िराक़ गोरखपुरी के 30 मशहूर शेर
दुष्यंत कुमार की 10 चुनिंदा ग़ज़लें
कैफ़ी आज़मी के 10 बेहतरीन शेर
कबीर दास के 15 लोकप्रिय दोहे
भारतवर्षोन्नति कैसे हो सकती है? - भारतेंदु हरिश्चंद्र
पंच परमेश्वर - कहानी - प्रेमचंद
मिर्ज़ा ग़ालिब के 30 मशहूर शेर

